जल्द बढ़ेगी 700 ट्रेनों की रफ्तार, फ्लेक्सी किराए में मिलेगी राहत: रेल मंत्रालय

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ट्रेनों की रफ्तार को मद्देनज़र रखते हुए रेल मंत्रालय सकते में आया है. रेल मंत्री पियूष गोयल ने गुरुवार को बताया कि एक नवंबर से करीब 700 रेलगाड़ियों की रफ्तार बढायी जायेगा. इस योजना से 48 ट्रेनों को मेल और एक्सप्रेस से सुपरफास्ट में तब्दील किया जायेगा.

मीडिया रिपोर्टस के मुताबिक जल्द ही 100 नई रेल सेवाओं की भी शुरुआत की जायेगी. इन 100 सेवाओं में से 32 नई सेवाएं पश्चिमी रेलवे में और 68 सेवाएं मध्य रेलवे में शुरू की जाएंगी. गोयल ने कहा कि नयी सेवाओं के शुरू होने से 77 लाख लोगों को फायदा होगा.

रेल मंत्री पीयूष गोयल ने फ्लैक्सी फेयर सिस्टम को लेकर नई घोषणा की है. पीयूष गोयल ने फ्लैक्सी फेयर सिस्टम के रिव्यू की बात कही है. उन्होंने कहा कि फ्लैक्सी सिस्टम को लेकर रेलमंत्री ने उन्हें लगातार लोगों की शिकायतें मिल रही हैं. इन शिकायतों के बाद ही उन्होंने इस सिस्टम को रिव्यू करने का फैसला किया है. फ्लैक्सी फेयर सिस्टम का रिव्यू करने से रेल किराए पर कटौती होगी. टिकटों के दाम कम होंगे. उन्होंने कहा कि रिव्यू के बाद फ्लैक्सी सिस्टम के तहत बेचे गए टिकटों के दाम कम भी किए जा सकते हैं.

जानें आखिर क्या है फ्लैक्सी फेयर सिस्टम
रेलवे ने 2016 में फ्लैक्सी फेयर टिकटिंग सिस्टम की शुरुआत की थी. इसके तहत राजधानी, दुरंतो और शताब्दी जैसी लग्जरी ट्रेनों में टिकट बुकिंग की व्यवस्था को बदला गया. इन ट्रेनों में चार्ज बनने के बाद 10 फीसदी अधिक किराया चुकाकर आप सीट हासिल कर सकते हैं.
बाद में इसके नियम को थोड़ा बदलाव किया गया, जिसके तहत ट्रेन के पहले चार्ट के बाद बची हुई सीटों पर ही ये नियम लागू किया गया.
फ्लेक्सी फेयर स्कीम सेकंड एसी, थर्ड एसी, एसी चेयरकार और स्लीपर पर ही लागू होती है.

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साथ ही रेल मंत्री ने अपनी परिकल्पना पेश करते हुए 3S (Safety, Speed and Service) पर विशेष बल देने की बात कही. उन्होंने कहा कि रेल मुसाफिरों की सुरक्षा और रेलवे की संरक्षा ही हमारी प्राथमिकता है. उन्होंने कहा कि टीटीई और RPF के जवान ड्यूटी के समय सभी यूनिफॉर्म में होंगे. यात्रियों की यात्रा को सुरक्षित बनाने के लिए रेलवे ISRO, रेल टेक एक साथ काम करने पर विचार कर रहे हैं.

गोयल ने कहा कि तय समय में 5000 मानवरहित क्रासिंग खत्म किए जाएंगे. अगले साल से सभी कोच लिंक हॉफमैन बुश वाले बनने लगेंगे. अब देश में ही ट्रेन सेट तैयार किया जा रहा है. जल्द ही एक ट्रेन सेट कोच फैक्ट्री में तैयार कर लिया जाएगा. यह ट्रेन सेट 160-200 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से चल सकेगी.

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